चार्ट विश्लेषण
मूल व्याख्याएँ: भाव और ग्रह
वैदिक ज्योतिष में प्रत्येक भाव (House) जीवन के एक विशिष्ट क्षेत्र का प्रतिनिधित्व करता है। प्रथम भाव आत्म-पहचान, सप्तम भाव संबंध, दशम भाव करियर दर्शाता है। प्रत्येक भाव में स्थित ग्रह उस क्षेत्र के अनुभवों को निर्धारित करता है। यह मूल व्याख्या सभी ग्रहों की भाव स्थिति और उनके प्रभावों को विस्तार से बताती है।
Cosmolica की मुफ्त भाव और ग्रह व्याख्या सेवा दर्शाती है कि प्रत्येक Graha किस Bhava में है और उस भाव के स्वाभाविक अर्थ के साथ कैसे संवाद करता है। वैदिक ज्योतिष में दशा के साथ मिलाकर पढ़ने से समझ आता है कि कौन से जीवन क्षेत्र कब प्रमुख होंगे।